ईश्वर दुबे
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Bhilai
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से राष्ट्रपति रोवर रेंजर अवार्ड से सम्मानित रोवर देवाशीष मखीजा और रेंजर मनतृप्त कौर संधू ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री श्री साय ने दोनों प्रतिभाओं को प्रतीक चिन्ह भेंट कर उनकी उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की ।
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने 22 जुलाई को राष्ट्रपति भवन, नई दिल्ली में आयोजित विशिष्ट समारोह में छत्तीसगढ़ के रोवर देवाशीष माखीजा, रेंजर मनतृप्त कौर संधू और गाईड कुसुम सिन्हा को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया। श्री देवाशीष ने बताया कि यह गौरवपूर्ण पुरस्कार चार वर्षों के अंतराल में देश भर से चयनित 16 प्रतिभागियों को प्रदान किया गया । गर्व की बात है कि इस बार छत्तीसगढ़ से तीन प्रतिभागियों ने यह उपलब्धि हासिल की। उन्होंने बताया कि इसी क्रम में उन्हें तत्कालीन राज्यपाल श्रीमती अनुसुइया उइके द्वारा राज्यपाल पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष श्री अमरजीत सिंह छाबड़ा के साथ रेंजर मनतृप्त कौर के पिता श्री गुरजीत सिंह संधू भी उपस्थित थे।
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि स्टेट कैपिटल रीजन से रायपुर, दुर्ग, भिलाई और राजनांदगांव सहित पूरे अंचल को लाभ मिलेगा। इससे विकास कार्यों में तेजी आएगी और नगरीय सुविधाओं का विस्तार होगा। उन्होंने कहा कि नगरीय निकायों के चुनाव में जारी अटल विश्वास पत्र के सभी वादों को एक-एक कर पूरा किया जाएगा।
मुख्यमंत्री श्री साय आज भिलाई में नगर पालिक निगम क्षेत्र के लिए 241.50 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के लोकार्पण और शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने भिलाई नगर पालिक निगम के नए कार्यालय भवन के लिए 20 करोड़ रुपये की घोषणा की।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों के विकास के लिए सरकार भरपूर सहयोग दे रही है। नगरीय सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सुशासन और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए राज्य में सुशासन एवं अभिसरण विभाग का गठन किया गया है। पूरे राज्य में प्रशासन को डिजिटल और पारदर्शी बनाया जा रहा है, जिसका सीधा लाभ नागरिकों को मिल रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य की 1460 ग्राम पंचायतों में अटल डिजिटल सेवा केंद्र शुरू हो चुके हैं। अगले छह महीनों में 5 हजार और पंचायतों को इस योजना से जोड़ा जाएगा। 24 अप्रैल 2026, पंचायती राज दिवस पर छत्तीसगढ़ की सभी ग्राम पंचायतों में अटल डिजिटल सेवा केंद्र प्रारंभ किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी सरकार ने बीते 20 महीनों में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अधिकांश गारंटियों को पूरा किया है। किसानों की आर्थिक उन्नति के लिए प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी और 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान सुनिश्चित किया गया है। महिलाओं को महतारी वंदन योजना के तहत प्रतिमाह एक-एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता राशि दी जा रही है, जिससे 70 लाख से अधिक महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर योजना के अंतर्गत भूमिहीन कृषि मजदूरों को सालाना 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। रामलला दर्शन योजना के तहत अब तक 22 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या यात्रा कर चुके हैं।
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज शाम राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में श्रीरामहर्षण मेथिल संख्य पीठाधीश्वर, श्री अयोध्याधाम से पधारे स्वामी श्री श्री वल्लभाचार्य जी महाराज ने सौजन्य भेंट की। इस अवसर पर स्वामी श्री श्री वल्लभाचार्य जी महाराज ने मुख्यमंत्री श्री साय को आगामी 5 से 14 अक्टूबर 2025 तक अयोध्या, उत्तरप्रदेश में आयोजित होने वाले “अंतर्राष्ट्रीय 51 कुण्डीय श्रीराम महायज्ञ एवं श्रीराम मंत्र जप अनुष्ठान महायज्ञ” के भव्य समारोह के लिए आमंत्रित किया।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आमंत्रण के लिए स्वामी श्री श्री वल्लभाचार्य जी महाराज के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया।
जनजातीय परिवारों को योजनाओं से किया जाएगा लाभान्वित
राज्य में 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलेगा यह अभियान
रायपुर, 18 अगस्त 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर छत्तीसगढ़ में “आदि कर्मयोगी अभियान” 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2025 तक चलाया जाएगा। छत्तीसगढ़ सहित देशभर के अनेक राज्यों में संचालित हो रहे इस अभियान का उद्देश्य जनजातीय अंचलों में सेवा, समर्पण और सुशासन की भावना के साथ शासकीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि आदि कर्मयोगी अभियान के अंतर्गत जनजातीय परिवारों को मूलभूत सुविधाओं से लाभान्वित किया जाना है, अतः इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। इस अभियान के अंतर्गत राज्य के 28 जिलों, 128 विकासखंडों और 6,650 आदिवासी बहुल ग्रामों को शामिल किया गया है। अभियान के संचालन हेतु ग्राम स्तर पर 1,33,000 से अधिक कैडर (एनजीओ, स्वयंसेवी, पंचायत प्रतिनिधि, युवा एवं सेवाभावी संगठन) तैयार किए जाएंगे। ये कैडर आवास, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार जैसी बुनियादी सुविधाओं से संबंधित योजनाओं के क्रियान्वयन तथा ग्राम विकास की योजना निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
अभियान के अंतर्गत प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य, जिला, ब्लॉक और ग्राम स्तर पर चरणबद्ध रूप से आयोजित किए जाएंगे। प्रत्येक चयनित ग्राम में “आदि सेवा केंद्र” की स्थापना की जाएगी, जो शासकीय सेवाओं की प्रदायगी और जनभागीदारी को प्रोत्साहित करने का केंद्र बनेगा। पूरे अभियान के दौरान ‘आदि सेवा केंद्र’ के माध्यम से ‘सेवा पर्व’ और ‘आदि कर्मयोगी सेवा अभियान’ का संचालन किया जाएगा। इस कार्य में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भी महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
आदिम जाति विकास तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग द्वारा निर्धारित विस्तृत दिशा-निर्देशों के अनुसार जिलों में एनजीओ, सीएसओ तथा स्थानीय वालंटियर्स का चयन कर उन्हें प्रशिक्षित किया जाएगा। साथ ही ग्रामों के “ट्राइबल विलेज विजन 2030” का निर्माण भी किया जाएगा। इस दौरान शिकायत निवारण शिविर, जनजागरूकता अभियान तथा “आदिवासी सेवा दिवस” का आयोजन किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने दी बधाई एवं शुभकामनाएँ, उज्ज्वल भविष्य की कामना की
रायपुर 18 अगस्त 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से राष्ट्रपति रोवर रेंजर अवार्ड से सम्मानित रोवर देवाशीष मखीजा और रेंजर मनतृप्त कौर संधू ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री श्री साय ने दोनों प्रतिभाओं को प्रतीक चिन्ह भेंट कर उनकी उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की ।
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने 22 जुलाई को राष्ट्रपति भवन, नई दिल्ली में आयोजित विशिष्ट समारोह में छत्तीसगढ़ के रोवर देवाशीष माखीजा, रेंजर मनतृप्त कौर संधू और गाईड कुसुम सिन्हा को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया। श्री देवाशीष ने बताया कि यह गौरवपूर्ण पुरस्कार चार वर्षों के अंतराल में देश भर से चयनित 16 प्रतिभागियों को प्रदान किया गया । गर्व की बात है कि इस बार छत्तीसगढ़ से तीन प्रतिभागियों ने यह उपलब्धि हासिल की। उन्होंने बताया कि इसी क्रम में उन्हें तत्कालीन राज्यपाल श्रीमती अनुसुइया उइके द्वारा राज्यपाल पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष श्री अमरजीत सिंह छाबड़ा के साथ रेंजर मनतृप्त कौर के पिता श्री गुरजीत सिंह संधू भी उपस्थित थे
रायपुर, 18 अगस्त 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंगलवार 19 अगस्त 2025 को सवेरे 11 बजे राज्य मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की बैठक मंत्रालय (महानदी भवन) अटल नगर, नवा रायपुर में आयोजित होगी।
भगवान श्रीकृष्ण ने सिर पर मोर मुकुट धारण कर दिया ग्रामीण संस्कृति को सर्वोपरि रखने का संदेश
मेट्रोपोटिलन सिटी बनने पर रायसेन जिले के युवाओं को भी मिलेंगे रोजगार के अवसर
संतों के आशीर्वाद से ही फल-फूल रही है हमारी संस्कृति
महलपुर पाठा मंदिर में लगेगा विशाल मेला
सांची विधानसभा में 136 करोड़ रुपए से कई विकास कार्यों का हुआ भूमिपूजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महलपुर पाठा में श्रीकृष्ण पर्व कार्यक्रम में हुए शामिल
जहां-जहां श्रीकृष्ण के चरण पड़े, उन स्थलों को विकसित कर रहे हैं तीर्थ के रूप में : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मंदिरों में आकर्षक श्रृंगार के लिए सरकार की ओर से दिए जाएंगे 15 पुरस्कार
1.50 लाख के तीन, एक लाख रुपए के पांच एवं 51 हजार के सात पुरस्कार दिए जाएंगे
मुख्यमंत्री निवास पर हुआ श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का भव्य समारोह
एक हजार से अधिक बाल-गोपाल राधा-कृष्ण की वेशभूषा में हुए शामिल
मुख्यमंत्री निवास हुआ कृष्णमय
दुग्ध उत्पादन के जरिए बढ़ायेंगे पशुपालकों की आय, गाय का दूध भी खरीदेगी सरकार
किसान खेती के साथ पशुपालन कर बढ़ाए अपनी आमदनी
दुग्ध उत्पादन को राज्य सरकार दे रही है बढ़ावा
किसानों को सोलर पम्प देकर बिजली बिल से दिलाई जायेगी मुक्ति
रतलाम क्षेत्र के लिए 113 करोड़ रुपये की पेयजल योजना की घोषणा
मोरकुंडवा सिंचाई योजना भी की मंजूर
रतलाम से खाचरोद तक परीक्षण कर बनाई जायेगी फोर लेन रोड
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रतलाम जिले के कुंडाल गांव में आयोजित कार्यक्रम में 246 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का किया लोकार्पण एवं भूमिपूजन
राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि सिविल सेवा में चयनित लोकसेवक केन्द्र और राज्य सरकार के कल्याणकारी कार्यक्रमों को सफल बनाएं। गरीब, वंचित और समाज के कमजोर वर्गों के प्रति हमेशा संवेदनशील रहें और उनकी मदद आगे बढ़कर करें। विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाएँ।
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर राज्य में युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने के लिए स्किल डेव्हलपमेंट के कई नवीनतम कोर्स संचालित किए जा रहे है। जशपुर के नवगुरूकुल शिक्षण संस्थान में स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम से जुड़ने की इच्छुक युवतियों को बिजनेस एवं टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में निःशुल्क आवासीय प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। यहां आनी वाली युवतियों को हॉस्टल, भोजन एवं लैपटॉप जैसी आवश्यक सुविधाएँ भी उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियाँ भी आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर हो सकें।
कुनकुरी की कुमारी नेहा खाखा ने 12वीं उत्तीर्ण करने के बाद जशपुर के नवगुरूकुल शिक्षण संस्थान में प्रवेश परीक्षा पास कर फाइनेंस स्किल प्रोग्राम जॉइन किया। एक वर्ष के अध्ययन उपरांत आज वे इसी संस्थान में एसोसिएट टीचर के रूप में कार्यरत हैं और प्रतिमाह 15 हजार रुपए का वेतन प्राप्त कर रही हैं। वे कहती हैं कि नवगुरूकुल ने मेरी जिंदगी की दिशा बदल दी। यहाँ आकर मैंने एआई फीचर और गूगल शीट जैसे आधुनिक टूल्स को सीखा। आज मैं न सिर्फ खुद आत्मनिर्भर हूँ बल्कि अन्य छात्राओं को पढ़ाकर उन्हें भी आगे बढ़ा रही हूँ।
पत्थलगाँव की कुमारी वृंदावती यादव ने प्रोग्रामिंग स्कूल जॉइन किया। 15 माह के कोर्स उपरांत वे आज पार्ट-टाइम इंटर के रूप में कार्य कर रही हैं और प्रतिमाह 13 हजार रुपए कमा रही हैं। मुझे लगा था कि आर्थिक स्थिति के कारण मैं आगे नहीं बढ़ पाऊँगी, आज मैं पढ़ाई के साथ काम कर रही हूँ और खुद को तकनीकी रूप से सक्षम महसूस करती हूँ। बगीचा की कुमारी उषा यादव को बचपन से ही डिजाइनिंग का शौक था, परंतु पारिवारिक आर्थिक स्थिति के कारण वे ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स नहीं कर पाईं। उन्होंने निःशुल्क ग्राफिक डिजाइनिंग सीखी अब मैं बिजनेस की पढ़ाई कर रही हूँ और आगे खुद का स्टार्टअप शुरू करने का सपना देख रही हूँ।
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की गारंटी को मूर्त रूप देते हुए महिला स्व-सहायता समूहों को पूरक पोषण आहार "रेडी-टू-ईट" निर्माण का कार्य पुनः सौंपा है। इस महत्वपूर्ण पहल की शुरुआत रायगढ़ जिले से हुई है। हाल ही में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने रायगढ़ की 10 महिला स्व-सहायता समूहों को अनुबंध पत्र प्रदान किए थे। इसके बाद मशीन इंस्टॉलेशन का कार्य तेजी से किया गया और अब रायगढ़ जिले के ग्राम पंचायत कोतरलिया से "रेडी-टू-ईट" उत्पादन का शुभारंभ हो चुका है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह पहल महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के साथ ही आंगनबाड़ी के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पौष्टिक आहार उपलब्ध कराएगी। उन्होंने कहा कि देशभर में 3 करोड़ "लखपति दीदी" बनाने का लक्ष्य रखा गया है और छत्तीसगढ़ इस दिशा में तेज गति से कार्य कर रहा है। रायगढ़ इस अभियान में अग्रणी जिला बना है।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने ग्राम कोतरलिया में "रेडी-टू-ईट" निर्माण इकाई का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने स्वयं मशीन चलाकर निर्माण प्रक्रिया का निरीक्षण किया और महिलाओं को गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए। वित्त मंत्री ने कहा कि रायगढ़ से प्रारंभ हुई यह पहल शीघ्र ही प्रदेश के सभी जिलों में लागू होगी और यह मॉडल पूरे प्रदेश के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण बनेगा।
उल्लेखनीय है कि रायगढ़ जिले में कुल 2709 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इन सभी केंद्रों के लिए 10 महिला स्व-सहायता समूहों का चयन किया गया है। इन समूहों को प्रधानमंत्री फॉर्मेलाइजेशन ऑफ माइक्रो फूड प्रोसेसिंग एंटरप्राइज़ (PMFME) योजना के अंतर्गत पूंजीगत सब्सिडी भी प्रदान की जा रही है। रायगढ़ जिले की परियोजनाओं—रायगढ़ शहरी, रायगढ़ ग्रामीण, पुसौर, खरसिया, घरघोड़ा, तमनार, लैलूंगा, मुकड़ेगा, धरमजयगढ़ एवं कापू के अंतर्गत चयनित समूह जल्द ही "रेडी-टू-ईट" उत्पादन प्रारंभ करेंगे। फिलहाल इसकी शुरुआत कोतरलिया से हो चुकी है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में महिला सशक्तिकरण और कुपोषण मुक्ति के इस मिशन को प्रथम चरण में प्रदेश के 6 जिलों—बस्तर, दंतेवाड़ा, बलौदाबाजार, कोरबा, रायगढ़ एवं सूरजपुर में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू किया जा रहा है। वहीं रायगढ़ प्रदेश का पहला जिला बन गया है, जहां महिला समूहों ने "रेडी-टू-ईट" उत्पादन प्रारंभ किया है। यह पहल महिलाओं की आर्थिक समृद्धि और बच्चों के स्वास्थ्य—दोनों को नई दिशा प्रदान करेगी।
रायपुर :
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर रायपुर जिले में डिजिटलक्रॉप सर्वे किया जा रहा है। 15 अगस्त से शुरू हुआ यह सर्वे 30 सितम्बर तक चलेगा। डिजिटल का सर्वे का मुख्य उद्देश्य किसानों की वास्तविक फसल स्थिति का आकलन कर उन्हें राज्य एवं केंद्र शासन की योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाना है। इसके अलावा डिजिटल क्रॉप सर्वे किसानों की समृद्धि और पारदर्शिता की दिशा में एक बड़ा कदम है। इससे खेती को नई तकनीक से जोड़कर किसानों की आय बढ़ाने का मार्ग प्रशस्त होगा।
कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देश पर अपर कलेक्टर सुश्री नम्रता जैन ने मोहंदी, अपर कलेक्टर राठौर ने मेहरसखा में, इसी प्रकार अपर कलेक्टर श्री नवीन ठाकुर ने मंगसा, एसडीएम नंदकिशोर चौबे ने ग्राम नकटी में, एसडीएम रवि सिंह ने छाटा, एसडीएम आशुतोष देवांगन ने ग्राम अडसेना, अभिलाष पैकरा ने छतौना में डिजिटल फसल सर्वे का निरीक्षण किया। इसी प्रकार तहसीलदारों ने अपने प्रभार क्षेत्र के ग्रामों का निरीक्षण किया।
उल्लेखनीय है कि डिजिटल क्रॉप सर्वे फिल्ड स्तर पर सर्वेयर के माध्यम से किया जा रहा है जिसमें सर्वेयर को स्वयं खेत में जाकर वहां की स्थिति और फसल का विवरण एग्रीटेक एप्प में दर्ज करना होता है। साथ में फ़ोटो अपलोड करना होता है जिसके सत्यापन बाद में पटवारी एवं वरिष्ठ अधिकारियों के द्वारा किया जाएगा इससे फसल का वास्तविक मूल्यांकन किया जा सकेगा और जमीन की जो परिसम्मति है उनके संबंध में सही जानकारी प्राप्त होगी।
डिजिटल क्रॉप सर्वे से किसानों को कई प्रकार के लाभ प्राप्त होंगे। फसल बीमा योजना एवं क्षति आकलन पारदर्शी और वैज्ञानिक तरीके से किया जा सकेगा। पात्र किसानों को कृषि योजनाओं का लाभ शीघ्रता से मिल सकेगा। इस सर्वे से फसल उत्पादन का अत्याधुनिक डेटा तैयार होगा, जिससे आगामी धान खरीदी व्यवस्था एवं कृषि नीति और अधिक प्रभावी बनाई जा सकेगी। साथ ही किसानों को समय पर तकनीकी मार्गदर्शन एवं आर्थिक सहयोग भी उपलब्ध हो सकेगा।
रायपुर :
छत्तीसगढ़ राज्य की रजत जयंती वर्ष पर राजधानी के टाउन हॉल में जनसंपर्क विभाग द्वारा लगायी गई छायाचित्र प्रदर्शनी राजधानीवासियों को लुभा रही है। इस प्रदर्शनी में केबीसी के तर्ज पर यहां क्विज प्रतियोगिता भी आयोजित की जा रही है। युवा इसमें उत्साह के साथ हिस्सा लें रहे हैं। छायाचित्र प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ की परंपराओं, स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास, छत्तीसगढ़ के पुरोधाओं का जीवन परिचय और उनका स्वतंत्रता संग्राम में अमूल्य योगदान तथा राज्य निर्माण की यात्रा से जुड़ी कई दुर्लभ तस्वीरें प्रदर्शित की गई हैं। साथ ही डिजिटल स्क्रीन पर स्लाइड शो भी के माध्यम से भी छत्तीसगढ़ सरकार की उपलब्धियों प्रदर्शित की जा रही है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने स्वतन्त्रता दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के जीवन पर आधारित छायाचित्र प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। इस छायाचित्र प्रदर्शनी में प्रगति पथ पर छत्तीसगढ़, प्रधानमंत्री आवास योजना, कृषक उन्नति योजना, महतारी वंदन योजना, विष्णु का सुशासन-संवाद से समाधान तक, सुशासन तिहार छत्तीसगढ़ अंजोर, राज्य का प्रथम आदिवासी संग्रहालय, स्वर्णिम भविष्य की राह, औद्योगिक नीति, नई शिक्षा नीति से भविष्य उज्ज्वल, वनांचल मा समृद्धि के आधार हमर हरा सोना जैसी लोककल्याणकारी योजनाओं की जानकारी और छत्तीसगढ़ राज्य की उपलब्धियां को भी प्रदर्शित किया गया है। 21 अगस्त तक चलने वाली यह सात दिवसीय प्रदर्शनी प्रातः 10.30 से रात्रि 8 बजे तक आम लोगों के लिए निःशुल्क खुली रहेगी।
जे.आर. दानी गर्ल्स हायर सेकेंडरी स्कूल की छात्राओं के दल ने आज प्रदर्शनी का अवलोकन किया और क्विज में हिस्सा भी लिया। इस दौरान कु. सरिता यादव, कु. कशिश श्रीवास, कु. हेमा पटेल और कु. छाया लालवानी ने कहा कि प्रदर्शनी रोचक और ज्ञानवर्धक है। प्रदर्शनी में आगंतुकों के लिए छत्तीसगढ़ के इतिहास और सामान्य ज्ञान पर आधारित क्विज प्रतियोगिता भी आयोजित किया जा रहा है, जिसमें रायपुर के विभिन्न स्कूलों और छात्रावासों के बच्चों ने इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं और छत्तीसगढ़ के सामान्य ज्ञान से संबंधित प्रश्नों का उत्तर दे रहे हैं और क्विज के विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार भी वितरित किया जा रहा है। इस प्रदर्शनी देखने आए प्राचार्य डॉ. हितेश कुमार देवांगन, व्याख्याता श्रीमती योगिता चंद्रवंशी, संकुल समन्वयक श्री खोमेश्वर राम देवांगन, व्याख्याता श्रीमती मीना भारद्वाज, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी परिवार के डॉ. भीष्म सोनकर सहित अनेक लोगों ने भी इस आयोजन की सराहना की और विजिटर्स बुक में अपने अनुभव और सुझावों को साझा किया।